सरगुजा समय अंबिकापुर – सरगुजा संभाग में स्वास्थ्य विभाग लगातार अपने कारनामों के वजह से चर्चा में बने रहता है यहां के अधिकांश डॉक्टर शासकीय सेवा में रहते हुए नियम विरुद्ध तरीके से शासन के आंख में धूल झोंकते हुए प्राइवेट हॉस्पिटल में मोटी रकम लेकर सेवा दे रहे है इन जैसे शासकीय डॉक्टरों पर कार्यवाही करने की हिमाकत किसी अफसर की नहीं हो रही।

मिली जानकारी के अनुसार सरगुजा जिला में CMHO पी एस मार्को एक ऐसा सख्श साबित हो रहे है कि इनके पास अधिकांश डॉक्टर नियम विरुद्ध तरीके से कार्य करने वाले है जिनके ऊपर CMHO पी एस मार्को का पूरा पूरा आशीर्वाद बना हुआ है ऐसा प्रतीत होता है क्योंकि जिस हिसाब से पूर्णकालीन शासकीय डॉक्टर को सरकारी अस्पतालों की व्यवस्था को दुरुस्त करने की जिम्मेदारी है उस हिसाब से जिम्मेदारी निभाने वाले तो कम लेकिन दलाली करने वाले डॉक्टरों की एक टीम जोरदार तरीके से कार्य कर रही है ।

सरगुजा जिला में दर्जनों दलाल रूपी डॉक्टर स्वास्थ्य विभाग को कर रहे खोखला एवं आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों में मासूमों की जान से कर रहे खिलवाड़ इस CMHO मार्को इन तमाम दलाली करने वाले डॉक्टरों के बादशाह बनने की होड़ में है ऐसा प्रतीत होता है क्योंकि इन CMHO के आगे तमाम नियम शिथिल होते नजर आ रहे है कई ऐसे पूर्ण कालीन शासकीय डॉक्टर है जो निजी अस्पतालों में लाखों रुपए लेकर कार्य कर रहे है एवं शासकीय अस्पताल से मासूम मरीजों को अपने दलालों के माध्यम से निजी अस्पताल में ले जाकर अवैध रुपए की उगाही की जाती है एवं नियम विरुद्ध फर्जी तरीके से आयुष्मान कार्ड योजना के माध्यम से भी पैसा निकलवा लिया जाता है ।

यह हम नहीं कह रहे यह मामला ही इस प्रकार का है सरगुजा जिला में CMHO स्वयं के दिए आदेश का पालन नहीं करवा पा रहे है और दलालरूपी डॉक्टर बेखौफ होकर मनमर्जी कर रहे है। मिली जानकारी के अनुसार डॉक्टर दीपक गुप्ता जो कि उदयपुर स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ है पर CMHO के मेहरबानी एवं आशीर्वाद से डॉ. गुप्ता को अंबिकापुर जिला अस्पताल में अटैच करके रखा गया है अब यह डॉक्टर गुप्ता जम कर दलाली करते हुए लगभग महीने का 3 से 4 लाख रुपए अवैध तरीके से उगाही कर रहा है लेकिन CMHO मार्को साहब को इनकी कारिस्तानी नहीं दिख रही इस तरह की कारिस्तानी नहीं दिखने की सबसे बड़ी वजह अवैध एवं दलाली से की गई लाखों रुपए की कमाई की कुछ छिटे CMHO साहब को भी मिलना मन जा सकता है।

बता दे कि डॉक्टर दीपक गुप्ता जो कि शासकीय डॉक्टर है और हमर लैब का सहायक लैब अधिकारी भी है उसके बावजूद जिला सरगुजा, जशपुर, बलरामपुर इन तमाम जिलों में नियम विरुद्ध तरीके से लैब का संचालन दीपक गुप्ता के नाम से संचालित हो रहा जहां ब्लड टेस्ट के बाद रिपोर्ट में दीपक गुप्ता का डिजिटल सिग्नेचर वाला रिर्पोट मरीजों को प्रदान किया जाता है ।
जिसकी सत्यता एवं वास्तविकता पर बहुत बड़ा सवाल उठता दिख रहा है एक डॉक्टर के नाम से लगभग 10 जगह लैब संचालित हो रहा है एवं तीन जिला के स्वास्थ व्यवस्था को गर्त में डालने एवं प्रभावित करने वाला एक डॉक्टर दीपक गुप्ता ही है जिसकी वजह से स्वास्थ्य विभाग में ईमानदार एवं कर्तव्यनिष्ठ डॉक्टरों की भी बदनामी हो रही है।

मिली जानकारी के अनुसार सरगुजा में CMHO के आशीर्वाद से ही दलाली करने वाले डॉक्टरों का बोलबाला काफी है जिसके वजह से CMHO मार्को के ऊपर भी आला अफसरों के पत्राचार का कोई असर नहीं होता दिख रहा । मिली जानकारी के अनुसार डॉक्टर दीपक गुप्ता के अवैध तरीके से लैब संचालन करने के मामले में लगे खबर को संज्ञान में लेते स्वास्थ्य विभाग के JD ने भी CMHO से जवाब मांगा था परन्तु स्वयं के पाले दलालों पर कार्यवाही करने में CMHO की हाथ पैर कांपने लगते है ।

आम नागरिकों के लिए जल्द ही हम बताएंगे कि किस किस निजी अस्पतालों में इस दलाली पूर्वक कार्य करने वाले डॉक्टर दीपक गुप्ता की डिजिटल सिग्नेचर वाली जांच रिपोर्ट प्रदान की जा रही है जिसकी सत्यता पर बहुत बड़ा सवाल है ऐसे निजी अस्पतालों में अपने ब्लड टेस्ट करवाने से आपको भी बचने की जरूरत है जल्द ही आपको इन समस्त निजी अस्पतालों के नाम भी बताएंगे।


