खाकी और सियासत दोनों बेबस! अंबिकापुर में बेखौफ बदमाशों का तांडव: DIG के बेटे को बेल्ट-कड़े से पीटा, BJP नेता के भतीजे से सरेराह लूट
सरगुजा समय अंबिकापुर: सरगुजा पुलिस में ‘सिस्टम’ बेपटरी: SP राजेश अग्रवाल की विवादित SI अखिलेश सिंह पर मेहरबानी, 4 इंस्पेक्टर लाइन में कैद; कानूनी अड़चनों और पुरानी ‘बोली’ की चर्चाओं से महकमा शर्मसार कर दिया है।
संभाग के सबसे भारी-भरकम और संवेदनशील अंबिकापुर कोतवाली थाने में इस वक्त खाकी के नियम-कायदे और पुलिस मैन्युअल ताक पर हैं। पुलिस लाइन में चार-चार पूर्णकालिक पुलिस निरीक्षक (TI) सिर्फ हाजिरी भरने को मजबूर हैं, वहीं जिले के पुलिस कप्तान राजेश अग्रवाल ने सारे स्थापित कायदों को दरकिनार कर दो स्टार वाले विवादित उप-निरीक्षक (SI) अखिलेश सिंह को कोतवाली की गद्दी पर बैठा दिया है। इस फैसले ने न केवल विभाग के भीतर विद्रोह जैसी स्थिति पैदा कर दी है, बल्कि पुलिसिंग की साख पर भी गहरा धब्बा लगा दिया है।
दागी रिकॉर्ड, वायरल वीडियो, फिर भी DIG एवं SP के ‘लाडले’ अफसर को इनाम?
दो स्टार वाले के हाथ में संभाग के सबसे बड़े थाना का कमान और शहर में सरेराह गुंडागर्दी और रंगदारी का ऐसा खुला खेल चल रहा है की जहां न तो कानून का डर बचा है और न ही सत्ता की हनक बची।
महज 48 घंटे के भीतर बेखौफ गुंडों ने दो दुस्साहसिक वारदातों को अंजाम देकर कानून-व्यवस्था के दावों की धज्जियां उड़ा दी हैं। पुलिस मुख्यालय में पदस्थ डीआईजी (IPS) के बेटे को बीच सड़क पर बेरहमी से पीटा गया, वहीं दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल अध्यक्ष अनुराग सिंह सेव के भतीजे को घेरकर सरेराह लूटपाट और मारपीट की गई।
‘तेरा बाप पुलिस वाला है तो हमारा क्या बिगाड़ेगा’: IPS के बेटे पर जानलेवा हमला:- कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत खटिकपारा निवासी लेखांश कांत (पुत्र आईपीएस रवि कुर्रे) सिक्योरिटी एजेंसी संचालित करते हैं। 7 सितंबर की शाम वह अपने साथी विशाल सोनी और रोमी खान के साथ कार से बौरीपारा जा रहे थे।
रिंग रोड बौरीपारा तालाब के पास लेखांश ने फोन पर बातचीत के दौरान महज ‘गोलू गणेश’ का नाम लिया। इतने में वहां खड़े रतन गुप्ता, गोलू गणेश, कोया डॉन और आशुतोष गुप्ता भड़क उठे। बदमाशों ने खुलेआम ललकारते हुए कहा— “गोलू का नाम कैसे लिया? तेरा बाप पुलिस वाला है तो हमारा क्या कर लेगा!”
इसके बाद बदमाशों ने लात-घूंसों, बेल्ट और कड़े से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। लेखांश का गला दबाकर जान से मारने का प्रयास किया गया और उनका मोबाइल छीनने की कोशिश हुई। इस खूनी हमले में लेखांश के सिर, गले, कंधे और कान के पास गंभीर चोटें आई हैं।
‘हम यहां के दादा हैं’: गृह निर्माण मंडल अध्यक्ष अनुराग सिंह के भतीजे से 2500 छीने, चश्मा तोड़ा:- दूसरी सनसनीखेज वारदात समलाया मंदिर के पास हुई। पंजाब गार्डन निवासी अभिरत सिंह देव (पुत्र अमिताभ सिंह देव व हाउसिंग बोर्ड अध्यक्ष अनुराग सिंहदेव के भतीजे) अपने दोस्त देव दुबे के साथ स्कूटी से जा रहे थे।
मंदिर के पास आदतन बदमाश गोलू पठान, राज बंगाला और उनके चार साथियों ने स्कूटी रोक ली। खुद को इलाके का “दादा” बताते हुए आरोपियों ने अभिरत की जेब में रखे 2500 रुपये जबरन छीन लिए। जब अभिरत ने इसका विरोध किया, तो बदमाशों ने गालियां बकते हुए बेरहमी से मारपीट शुरू कर दी, जिससे उनका चश्मा टूटकर गिर पड़ा। बीच-बचाव के बाद गुंडों ने खुलेआम धमकी दी कि “अगर पुलिस में शिकायत की तो चाकू घोंप देंगे।”
मामले में पुलिस ने BNS की धारा 296, 351(3), 115(2), 191(2), 119(1) और 324(2) के तहत गंभीर अपराध दर्ज किया है।
सड़कों पर सन्नाटा, चौराहों पर ‘डॉन गिरी’: पुलिस की ढिलाई से जनता खौफ में:- आकाशवाणी चौक, बिलासपुर चौक और चौपाटी क्षेत्र में शाम ढलते ही असामाजिक तत्वों का जमावड़ा आम बात हो चुकी है। जिन आरोपियों ने इन घटनाओं को अंजाम दिया है, वे पहले भी कई संगीन मामलों में जेल जा चुके हैं। जेल से छूटते ही शहर में फिर से रंगदारी और मारपीट शुरू कर देना यह दर्शाता है कि बदमाशों के मन से पुलिस का खौफ पूरी तरह खत्म हो चुका है।
सरेराह हुई इन वारदातों ने पूरे शहर को दहशत में डाल दिया है—जब आईपीएस और सत्तारूढ़ दल के नेताओं के परिवार ही सुरक्षित नहीं हैं, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या आलम होगा? कोतवाली पुलिस का कहना है कि कुछ संदेहियों को हिरासत में लिया गया है और मामले में सख्त वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
दो स्टार के हाथों संभाग के सबसे बड़े थाने की कमान एवं DIG SP की इस मेहरबानी की परत हम अगले अंक में बताएँगे।
