सरगुजा समय लखनपुर/अंबिकापुर:– प्रदेश की सड़कों के गड्ढे, बदहाल व्यवस्था और आम जनता की दैनिक परेशानियां भले ही जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकता सूची से गायब नजर आती हों, लेकिन वीआईपी हनक और सत्ता का रौब झाड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। अंबिकापुर-बिलासपुर हाईवे के लहपटरा टोल प्लाजा पर घटी ताजा घटना ने एक बार फिर यह गंभीर सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या सत्ता की धौंस केवल बेबस, गरीब और छोटे कर्मचारियों पर उतारने के लिए बची है?
सत्ता के नशे में चूर मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के PA ने टोलकर्मी को जमकर पीटता रहा और कर्मी हाथ जोड़कर मिन्नतें करता रहा कर्मचारी, उसके बावजूद बरसाए गए थप्पड़:-
घटना उस वक्त हुई जब महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े का काफिला टोल से गुजर रहा था। स्वचालित तकनीक की वजह से बूम बैरियर गाड़ी पर क्या गिरा, मंत्री के निज सहायक (PA) और सुरक्षा अमले का पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया। सीसीटीवी फुटेज में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि बूथ के भीतर ड्यूटी कर रहा स्थानीय कर्मचारी महेंद्र राजवाड़े हाथ जोड़कर गिड़गिड़ाता रहा कि इसमें उसकी कोई गलती नहीं है और सिस्टम ऑटोमैटिक है। इसके बावजूद मंत्री के PA ने एक न सुनी और गरीब कर्मचारी पर ताबड़तोड़ थप्पड़ जड़ दिए।
पुराने विवाद फिर चर्चा में, ड्राइवर से बदसलूकी का मामला भी उठा:- टोलकर्मी पर हुए इस हमले के बाद अब मंत्री और उनके मातहतों के पिछले आचरण को लेकर भी तीखी चर्चाएं शुरू हो गई हैं। स्थानीय लोगों और आलोचकों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है जब छोटे कर्मचारियों के साथ ऐसा दुर्व्यवहार हुआ हो। इससे पहले दिल्ली प्रवास के दौरान मॉल में शॉपिंग करने जाने और विलम्ब होने के कारण मॉल बंद होने के मामले में भी मंत्री महोदया का पारा हाई हो गया था उस समय भी एक ड्राइवर के साथ कथित बदसलूकी और उसे बीच सड़क पर उतारे जाने के पुराने आरोपों को लेकर अब चर्चाएं फिर से गर्म हो गई हैं। लोगों का आरोप है कि सत्ता के नशे में चूर मंत्री और उनके मातहत लगातार कमजोर और छोटे तबके के कर्मचारियों को अपना निशाना बनाते रहे हैं।
सड़कों की बदहाली पर चुप्पी, रौब झाड़ने में पूरी तत्परता:- फूटा जनआक्रोश घटना के बाद लहपटरा गांव और आसपास के ग्रामीण खुलकर टोलकर्मी के समर्थन में आ गए हैं। ग्रामीणों का साफ कहना है कि जिस हाईवे पर रोजाना हजारों आम नागरिक जान जोखिम में डालकर गड्ढों और बदहाल सड़कों से जूझते हैं, उस पर तो कोई ठोस पहल या कड़ा रुख दिखाई नहीं देता। आम जनमानस की समस्याओं पर चुप्पी साधने वाले जनप्रतिनिधि जब एक गरीब कर्मचारी पर अपने ‘मंत्रिपने’ और पावर का रौब दिखाते हैं, तो यह सीधे तौर पर तानाशाही है।
मंत्री लक्ष्मी रजवाड़ों के निवास से लेकर अंबिकापुर आने तक की की सड़कों में अनगिनत गड्ढों का बौछार है उसी गड्ढों में इनके काफिले में शामिल वाहनों की रफ़्तार से उड़ते धूल कीचड़ आम नागरिकों को VIP कल्चर याद दिला देते है सड़क बनवा पाने में नाकाम मंत्री का इस कदर मासूम गरीबों पर सत्ता का पावर दिखाना भाजपा के VIP कल्चर खत्म करने के बातों की पोल खोलता है।
थाने पहुंचा मामला, सख्त कार्रवाई की मांग:- पीड़ित कर्मचारी का मेडिकल परीक्षण कराया गया है और मामला लखनपुर थाने में दर्ज कराया गया है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद चारों तरफ कड़ी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले में किसी भी वीआईपी दबाव को दरकिनार करते हुए आरोपी PA और संबंधित लोगों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि यह संदेश जाए कि कानून के आगे सत्ता की हनक नहीं चल सकती।
