05/08/2026
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सरगुजा समय अंबिकापुर। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के सरगुजा संभाग के विश्वविद्यालय अध्यक्ष सुरेन्द्र गुप्ता के नेतृत्व में एवं उपाध्यक्ष गौतम गुप्ता ने संत गहिरा गुरु विश्वविद्यालय के कुलपति को छात्रहित से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में मुख्य वार्षिक परीक्षा मार्च–अप्रैल 2026 में अनुत्तीर्ण एवं अनुपस्थित विद्यार्थियों के हित में पूरक परीक्षा-2026 के साथ विशेष परीक्षा (Special Examination) आयोजित करने, पुनर्मूल्यांकन एवं पुनर्गणना के लंबित परिणामों को शीघ्र जारी करने तथा UFM एवं Withheld प्रकरणों का त्वरित निराकरण करने की मांग की गई।

 

NSUI से सुरेंद्र गुप्ता ने ज्ञापन में कहा कि मुख्य वार्षिक परीक्षा में अनुत्तीर्ण एवं अनुपस्थित विद्यार्थियों के साथ-साथ प्रायोगिक परीक्षा एवं आंतरिक मूल्यांकन में अनुत्तीर्ण अथवा अनुपस्थित रहने वाले विद्यार्थियों को भी विशेष अवसर प्रदान किया जाना आवश्यक है, ताकि उनका एक पूरा शैक्षणिक वर्ष एवं सत्र व्यर्थ होने से बच सके। संगठन ने विशेष प्रायोगिक परीक्षा एवं विशेष आंतरिक मूल्यांकन आयोजित कर उनके परिणाम समयबद्ध रूप से घोषित करने की भी मांग की है, जिससे पात्र विद्यार्थी आगामी कक्षा एवं परीक्षाओं में बिना किसी बाधा के सम्मिलित हो सकें।

 

ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि विश्वविद्यालय की मुख्य वार्षिक परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद बड़ी संख्या में विद्यार्थी पूरक परीक्षा एवं विशेष परीक्षा की प्रतीक्षा कर रहे हैं। वहीं अनेक विद्यार्थियों के पुनर्मूल्यांकन एवं पुनर्गणना के आवेदन लंबित हैं। वर्तमान में शैक्षणिक सत्र 2026-27 की प्रवेश प्रक्रिया जारी है। यदि परीक्षा, परिणाम एवं पुनर्मूल्यांकन से संबंधित प्रक्रियाओं में अनावश्यक विलंब होता है, तो अनेक विद्यार्थी समय पर प्रवेश से वंचित हो सकते हैं और उनका एक पूरा शैक्षणिक वर्ष प्रभावित हो सकता है।

 

सुरेन्द्र गुप्ता ने मांग की है कि पूरक एवं विशेष परीक्षा की समय-सारणी, आवेदन प्रक्रिया एवं परीक्षा कार्यक्रम तत्काल जारी किया जाए। प्रायोगिक विषयों की परीक्षाओं को प्राथमिकता के आधार पर संपन्न कराया जाए, पुनर्मूल्यांकन एवं पुनर्गणना के सभी लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण कर परिणाम घोषित किए जाएं तथा UFM एवं Withheld मामलों का भी समयबद्ध निपटारा किया जाए। संगठन ने यह भी आग्रह किया कि यह व्यवस्था One-time Academic Relief के रूप में लागू की जाए तथा Old Scheme एवं New Scheme दोनों के विद्यार्थियों को समान रूप से इसका लाभ मिले।

 

गौतम गुप्ता ने भी छात्रहित में कहा कि विद्यार्थियों का भविष्य सर्वोपरि है। परीक्षा एवं परिणामों में अनावश्यक विलंब से विद्यार्थियों को मानसिक, आर्थिक एवं शैक्षणिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। यदि विश्वविद्यालय समय रहते आवश्यक निर्णय लेता है, तो विद्यार्थियों का शैक्षणिक वर्ष सुरक्षित रहेगा, उच्च शिक्षा में ड्रॉप-आउट की संभावना कम होगी, शैक्षणिक निरंतरता बनी रहेगी तथा विश्वविद्यालय की छात्रहितैषी एवं संवेदनशील छवि और अधिक मजबूत होगी।

 

NSUI ने विश्वविद्यालय प्रशासन से छात्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पूरक परीक्षा, विशेष परीक्षा, पुनर्मूल्यांकन, पुनर्गणना, UFM एवं Withheld से संबंधित सभी लंबित मामलों पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि किसी भी पात्र विद्यार्थी का भविष्य प्रभावित न हो और उन्हें समयबद्ध रूप से आगे की शैक्षणिक प्रक्रिया में सम्मिलित होने का अवसर मिल सके। इस ज्ञापन में मुख्य रूप से अमन सिंह, मनीष सोनी, प्रिंस, अभिषेक एवं इलेश अन्य शामिल रहें।

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